
जावेद खान की रिपोर्ट
रायपुर। रायपुर के टिकरापारा थाना क्षेत्र में पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए एक ऐसे व्यक्ति को गिरफ्तार किया, जो चाकू लेकर आम लोगों को डराने-धमकाने का कार्य कर रहा था। पुलिस ने आरोपी सोनू उर्फ सतीश पाल के कब्जे से एक धारदार लोहे का चाकू जब्त कर धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की है। घटना 23 दिसंबर 2025 की दोपहर करीब 1 बजे मठपुरैना बमलाई चौक के पास हुई। थाना टिकरापारा में पदस्थ प्रधान आरक्षक राजेश श्रीवास ने बताया कि उनके हमराह पेट्रोलिंग स्टाफ आर. 1222 विवेक यादव और आर. 2413 त्रिवेणी मिश्रा के साथ अपराध विवेचना और पतासाजी के लिए टाउन रवाना हुए थे। इस दौरान मुखबीर से सूचना मिली कि मठपुरैना बमलाई चौक पर एक व्यक्ति चाकू लेकर लोगों को डराते-धमकाते घूम रहा है।
सूचना मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर गवाह ईश्वर बघेल और मनीष तिवारी को लेकर पहुंचकर कार्रवाई की। सूचना अनुसार हुलिये वाले व्यक्ति ने पुलिस को देखकर भागने का प्रयास किया। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को पकड़ लिया। आरोपी ने अपना नाम सोनू उर्फ सतीश पाल, पिता स्व. संतोष पाल, उम्र 30 वर्ष, निवासी सा0 इमली खदान के पास मठपुरैना, थाना टिकरापारा, रायपुर बताया।
पुलिस ने आरोपी की तलाशी ली तो उसके कमर भाग में पेंट के अंदर चाकू छिपा हुआ पाया। चाकू का विवरण पुलिस ने साझा किया। लोहे का धारदार, नोकदार कटार नुमा चाकू जिसकी कुल लंबाई 11.5 इंच, फल की लंबाई 6.5 इंच, मुठ की लंबाई 5 इंच और फल की चौड़ाई 1.5 इंच है। आरोपी से इस चाकू रखने के संबंध में पूछताछ की गई, लेकिन उसके पास कोई वैध दस्तावेज नहीं था।
पुलिस ने मौके पर गवाहों की उपस्थिति में चाकू जब्त कर अपने कब्जे में लिया। आरोपी का यह कृत्य धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत अपराध माना गया। इसके बाद पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर हमराह स्टाफ और गवाहों के साथ थाना लेकर आई। थाना टिकरापारा के अधिकारियों ने कहा कि यह कार्रवाई आम जनता की सुरक्षा और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए की गई है।
आरोपी का यह कृत्य स्पष्ट रूप से आपराधिक और समाज के लिए खतरा पैदा करने वाला था। पुलिस का संदेश है कि इस तरह के अपराधों को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और कानून के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना से इलाके में पुलिस की तत्परता और सक्रियता सामने आई है। नागरिकों ने पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना की और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ऐसी सतत निगरानी और कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर दिया।

